फोन से ऑनलाइन नेट स्पीड टेस्ट में स्पीड कम क्यों दिखती है?
फोन पर कम नेट स्पीड दिखने का कारण हमेशा ISP नहीं होता। Wi-Fi सिग्नल, राउटर, डिवाइस, सर्वर और नेटवर्क लोड की जांच करके सही समस्या पहचानें।
फोन से ऑनलाइन नेट स्पीड टेस्ट करते समय कभी-कभी डाउनलोड या अपलोड स्पीड आपके ब्रॉडबैंड कनेक्शन की अपेक्षा काफी कम दिखती है। कुछ मामलों में लेटेंसी बढ़ जाती है, टेस्ट बार-बार बदलता है या Wi-Fi पर परिणाम मोबाइल डेटा से अलग आता है। इसका कारण राउटर, फोन, Wi-Fi सिग्नल, ISP नेटवर्क या टेस्ट सर्वर में से कोई भी हो सकता है।
सही निष्कर्ष के लिए एक ही परिणाम पर निर्भर न रहें। फोन को राउटर के पास रखकर, बैकग्राउंड डाउनलोड बंद करके और अलग-अलग समय पर दो या तीन बार जांच करें।
फोन पर स्पीड टेस्ट का परिणाम कैसे समझें
डाउनलोड स्पीड वेब पेज, वीडियो और फाइल प्राप्त करने की गति बताती है। अपलोड स्पीड फोटो, वीडियो या दस्तावेज भेजने की क्षमता दिखाती है। लेटेंसी फोन और टेस्ट सर्वर के बीच प्रतिक्रिया समय है, इसलिए इसका कम होना आमतौर पर बेहतर होता है।
टेस्ट में दिखने वाली गति और आपके ब्रॉडबैंड प्लान की विज्ञापित गति अलग हो सकती है। नेटवर्क ओवरहेड, Wi-Fi क्षमता और सर्वर की दूरी के कारण कुछ अंतर सामान्य है।
Wi-Fi सिग्नल कमजोर होना
राउटर से दूरी बढ़ने पर फोन को मिलने वाला Wi-Fi सिग्नल कमजोर हो जाता है। दीवारें, फर्नीचर और धातु की वस्तुएं भी सिग्नल को प्रभावित कर सकती हैं। परिणामस्वरूप फोन पर डाउनलोड और अपलोड स्पीड घटती है, जबकि राउटर से जुड़े दूसरे डिवाइस पर स्थिति अलग हो सकती है।
जांच के लिए राउटर के पास जाकर वही टेस्ट दोहराएं। यदि पास में स्पीड सुधरती है, तो समस्या ब्रॉडबैंड लाइन के बजाय Wi-Fi कवरेज से जुड़ी है।
राउटर की स्थिति या सेटिंग की समस्या
राउटर को बंद अलमारी, टीवी के पीछे या फर्श के कोने में रखने से वायरलेस कवरेज और स्थिरता कम हो सकती है। लंबे समय तक राउटर चालू रहने, पुराने फर्मवेयर या गलत चैनल चयन से भी कनेक्शन प्रभावित हो सकता है।
राउटर को खुले और ऊंचे स्थान पर रखें, फिर उसे कुछ मिनट के लिए बंद करके दोबारा चालू करें। यदि समस्या बनी रहती है, तो राउटर के एडमिन पैनल में फर्मवेयर, चैनल और सुरक्षा सेटिंग की जांच करें।
फोन में बैकग्राउंड डेटा का उपयोग
फोन में ऐप अपडेट, क्लाउड बैकअप, फोटो सिंक या वीडियो डाउनलोड चल रहा हो तो उपलब्ध बैंडविड्थ कई ऐप में बंट जाती है। ऐसे समय पर स्पीड टेस्ट वास्तविक कनेक्शन क्षमता के बजाय उस क्षण उपलब्ध गति दिखाता है।
टेस्ट से पहले सक्रिय डाउनलोड, स्ट्रीमिंग और बैकअप रोकें। Android या iPhone की नेटवर्क सेटिंग में डेटा उपयोग देखकर यह भी जांचें कि कोई ऐप लगातार नेटवर्क नहीं चला रहा है।
फोन की Wi-Fi क्षमता और सॉफ्टवेयर
पुराने फोन में नया Wi-Fi मानक, 5 GHz बैंड या अधिक चैनल चौड़ाई का पूरा समर्थन नहीं हो सकता। फोन का सॉफ्टवेयर पुराना होने, पावर सेविंग मोड या नेटवर्क सेटिंग में त्रुटि के कारण भी परिणाम कम आ सकता है।
फोन का सिस्टम अपडेट करें और एक बार Wi-Fi नेटवर्क को भूलकर दोबारा कनेक्ट करें। जरूरत पड़ने पर नेटवर्क सेटिंग रीसेट करें, लेकिन इससे पहले Wi-Fi पासवर्ड और अन्य जरूरी कनेक्शन विवरण सुरक्षित रखें।
2.4 GHz और 5 GHz बैंड का अंतर
2.4 GHz Wi-Fi बैंड लंबी दूरी और दीवारों के पार बेहतर काम कर सकता है, लेकिन इसमें आसपास के कई नेटवर्क और घरेलू उपकरणों का हस्तक्षेप हो सकता है। 5 GHz बैंड अक्सर अधिक स्पीड देता है, पर इसकी प्रभावी दूरी कम होती है।
राउटर और फोन दोनों समर्थन करते हों तो राउटर के पास 5 GHz नेटवर्क पर टेस्ट करें। अधिक दूरी वाले कमरे में 2.4 GHz का परिणाम बेहतर स्थिरता दे सकता है।
ISP नेटवर्क या स्थानीय भीड़
शाम के समय कई उपयोगकर्ता एक ही ISP नेटवर्क का उपयोग करते हैं, जिससे स्थानीय स्तर पर नेटवर्क लोड बढ़ सकता है। फाइबर लाइन, ब्रॉडबैंड उपकरण या ISP के वितरण नेटवर्क में अस्थायी खराबी होने पर भी स्पीड और लेटेंसी प्रभावित हो सकती है।
सुबह, दोपहर और शाम को समान परिस्थितियों में टेस्ट करें। यदि कमी केवल एक समय पर आती है और अलग-अलग डिवाइस पर भी दिखती है, तो टेस्ट के परिणाम ISP नेटवर्क की भीड़ या तकनीकी समस्या की ओर संकेत कर सकते हैं।
टेस्ट सर्वर और नेटवर्क रूट का प्रभाव
स्पीड टेस्ट फोन से किसी चुने हुए सर्वर तक डेटा भेजकर परिणाम निकालता है। दूर स्थित सर्वर, व्यस्त सर्वर या ISP से अलग नेटवर्क पर मौजूद सर्वर के कारण लेटेंसी बढ़ सकती है और स्पीड कम दिखाई दे सकती है।
उपलब्ध विकल्पों में अपने शहर या नजदीकी क्षेत्र का सर्वर चुनकर टेस्ट करें। अलग सर्वर पर परिणाम बहुत बदलता है तो समस्या आपके घर के कनेक्शन की बजाय सर्वर या नेटवर्क रूट से संबंधित हो सकती है।
सटीक स्पीड टेस्ट के लिए जांच सूची
- फोन को राउटर के पास रखें और Wi-Fi सिग्नल की जांच करें।
- वीडियो स्ट्रीमिंग, डाउनलोड, अपलोड और क्लाउड बैकअप रोकें।
- एक ही सर्वर पर कम से कम दो बार टेस्ट करें।
- नजदीकी दूसरे सर्वर पर परिणाम की तुलना करें।
- 2.4 GHz और 5 GHz दोनों बैंड पर अलग-अलग जांच करें।
- उसी समय किसी दूसरे फोन या लैपटॉप पर टेस्ट दोहराएं।
- अलग-अलग समय पर परिणाम लिखकर पैटर्न देखें।
कब ISP से संपर्क करना चाहिए
यदि ईथरनेट से जुड़े कंप्यूटर और राउटर के पास मौजूद फोन दोनों पर लगातार कम स्पीड आती है, तो समस्या ISP कनेक्शन, फाइबर लाइन या ब्रॉडबैंड उपकरण में हो सकती है। शिकायत करते समय टेस्ट का समय, सर्वर, डाउनलोड स्पीड, अपलोड स्पीड और लेटेंसी साझा करें।
Airtel, Jio या BSNL जैसे किसी भी ISP के साथ जांच के लिए एक से अधिक टेस्ट परिणाम उपयोगी होते हैं। केवल एक असामान्य परिणाम के आधार पर निष्कर्ष निकालने के बजाय कई समय और डिवाइस के परिणामों की तुलना करें।
